पीएम मोदी की सौगात, बालोद को मिलेंगे दो आधुनिक रेलवे स्टेशन
केंद्र सरकार और भारतीय रेल ने बालोद जिले को दो अमृत भारत स्टेशनों की सौगात दी। बालोद और राजहरा में भी काम में तेजी आई है। बालोद ऐसा जिला है जहां दो अमृत भारत स्टेशन स्वीकृत हैं और युद्ध स्तर पर निर्माण कार्य किया जा रहा है। यह स्टेशन यात्रियों की सुविधाओं को देखते हुए तैयार किया जा रहा है। वहीं इन स्टेशनों में फ्री इंटरनेट, बड़ी पार्किंग व्यवस्था सैंकड़ों लोगों के लिए वेटिंग व्यवस्था सहित कई हाईटेक सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ में पांच नए अमृत स्टेशनों को जनता को समर्पित किए हैं। इसके बाद अब बालोद जिले के इन दो अमृत स्टेशनों में निर्माण कार्य तेज हो चुका है। आने वाले कुछ महीनो में इसे भी जनता के लिए खोल दिया जाएगा सबसे बड़ी बात है कि यह वनांचल को सीधे-सीधे प्रदेश की राजधानी से जोड़ते हैं। जिसके कारण व्यापार और शिक्षा की दृष्टिकोण से यह स्टेशन मिल का पत्थर साबित होंगे।
अल्पसंख्यक मोर्चा के अध्यक्ष अकबर तिगाला ने इस विषय में जानकारी देते हुए बताया कि यह स्टेशन बालोद जिले के विकास के साथ-साथ रेलवे की दशा और दिशा बदलने वाली सौगात है और कई सारी हाईटेक सुविधा इसके बनने के बाद लोगों को मिलने लगेंगी। वहीं, बालोद के अमित चोपड़ा ने बताया कि दल्लीराजहरा और बालोद यह रेलवे के लिए महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशन हैं। यहां से भिलाई इस्पात संयंत्र सहित अन्य जगहों के लिए कच्चे लोहे की सप्लाई की जाती है और यहां से सबसे ज्यादा राजधानी के लिए लोग आवागमन करते हैं। दुर्ग भिलाई और रायपुर जैसे शहरों के लिए मजदूर भी इसी स्टेशन से होकर जाते हैं। चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष राजू भाई पटेल ने बताया कि व्यापार की दृष्टिकोण से हमने काफी लंबे समय से इस तरह के हाईटेक स्टेशन की मांग की थी जो कि अब पूरी हो रही है। इसके लिए हम सरकार का धन्यवाद करते हैं।

AAP की आंतरिक कलह पर नवीन जयहिंद का 'लेटर बम'— राघव-परिणीति की शादी को बताया विवाद की असली जड़
बच्चू कडू बने 'शिवसैनिक': एकनाथ शिंदे की उपस्थिति में थामा शिवसेना का हाथ, विदर्भ में बदला सियासी समीकरण
आधुनिक तकनीक और एडवांस सिस्टम से लैस होने की संभावना
किसानों की आय बढ़ाने पर फोकस, सरकार ने शुरू किया नया डिजिटल मिशन
"बिहार में अब दरिंदों का होगा तुरंत हिसाब": सम्राट चौधरी की सीधी चेतावनी—अपराध किया तो फोटो पर चढ़ेगी माला